लॉकडाउन के कारण से थैलेसीमिया से प्रभावित अमन है़ परेशान

शेख अहमद अमन उम्र 38- वर्ष पिता शेख अहमद हुसैन प्रखंड़ मुसाबनी जिला पूर्वी सिंहभूम, झारखंड का रहने वाला है़। उसने बताया कि मै विगत 37वर्षों से थैलेसीमिया रोग से प्रभावित हूं, मुझे प्रति 8 से 12 दिनों के अंतराल पर रक्त चढ़ाने की आवश्यकता पड़ती, मेरा घर मुसाबनी से 50 किलोमीटर दूर जमशेदपुर शहर में एक निजी अस्पताल में रक्त चढ़ाने के लिए आना पड़ता है पर लॉकडाउन के कारण घर से अस्पताल-अस्पताल  से पुन: घर आने-जाने के क्रम में मुझे बहुत समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है  एवं मुझे इस थैलेसीमिया से रोग के संबंधित बहुत सारी दवाइयों का सेवन करने व पोषक आहार खाने का चिकित्सक का निर्देश है जोकि बहुत महंगा है साथ ही मुझे हेपेटाइटिस सी पॉजिटिव ( H.C.V positive) से भी ग्रसित हूं चिकित्सक का निर्देश है अति शीघ्र इस बीमारी का इलाज अति आवश्यक है, मेरे परिवार में कमाने वाला एकमात्र मेरा छोटा भाई है जो कि एक निजी कंपनी के कार्यालय में कार्यरत था पर लॉकडाउन  की वजह से उसे कार्य से वंचित कर दिया गया, मेरे घर में आय का कोई और भी जरिया नहीं है मेरे घर की आर्थिक परिस्थिति खराब है मेरे परिवार में कुल 5 सदस्य  है।
मुझे अपने इलाज के लिए  ही जूझना पड़ रहा है एवं मुझे मेरे इलाज के लिए किसी तरह वह कहीं से भी कोई मदद नहीं मिल रहा है इस कारण में जिंदगी और मौत से जूझ रहा हूं।
अमन को विकलांगता पेशंन मिलता है़ पर पिछले छ: माह से नही मिला है़। इसने राशन कार्ड बनाने का आवेदन किया है़ लेकिन अभी तक नही बना है़।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

"दृष्टिहीनता नहीं, बल्कि दृष्टिकोण मायने रखता है" — मनू गर्ग (IAS) की प्रेरक यात्रा

🌍 NDMA की समावेशी कार्ययोजना – अब आपदा प्रबंधन विकलांगजन के साथ और उनके लिए! ♿🌀

न्याय और #हक की लड़ाई में दोस्त!!